AIMIM: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर अब राजनीतिक हलचल और तेज हो गई है। इसी बीच असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM (All India Majlis-e-Ittehad-ul-Muslimeen) ने अपनी पहली उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में कुल 24 प्रत्याशियों के नाम शामिल हैं, जिनमें कई पुराने और कुछ नए चेहरे भी हैं जो इस बार सीधे चुनावी मैदान में उतरेंगे।
सूत्रों के अनुसार, पार्टी ने अपने प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल इमान को एक बार फिर अमार सीट से टिकट दिया है। अख्तरुल इमान इस समय सिटिंग विधायक हैं और दोबारा जनता के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की तैयारी में हैं। वहीं बलरामपुर सीट से पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आदिल हसन को टिकट दिया गया है। आदिल हसन लगातार राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर मुखर रहे हैं और इस बार भी वे जोरदार चुनावी तैयारी में हैं।

धाका विधानसभा क्षेत्र से राना रंजीत सिंह, जबकि नरकटिया सीट से मुहम्मद समिमुल हक को टिकट दिया गया है। गोपालगंज सीट पर मुहम्मद अनस सलाम को उम्मीदवार बनाया गया है। वहीं जोकिहाट, जो हमेशा से एक हॉट सीट मानी जाती है, वहां से मुर्शीद आलम पर AIMIM ने भरोसा जताया है।
पार्टी ने बहादुरगंज सीट से मुहम्मद तौसीफ आलम, ठाकुरगंज से गुलाम हसनैन, और किशनगंज, जो AIMIM का मजबूत गढ़ माना जाता है, वहां से एडवोकेट समस आगाज को टिकट दिया है। किशनगंज में पिछले चुनावों में पार्टी का प्रदर्शन अच्छा रहा था, ऐसे में यह सीट इस बार भी चर्चा में है।
शेरघाटी सीट से शाने अली खान, नाथनगर से मुहम्मद इस्माइल अंसारी, और सिवान से मुहम्मद कैफ को उम्मीदवार बनाया गया है। केवटी सीट से अनिसुर रहमान, जाले सीट से फैजल रहमान, और सिकंदरा सीट से मनोज कुमार दास को टिकट मिला है।
सबसे चर्चा में आई मुंगेर सीट, जहां से पूर्व सांसद डॉ. मुनाजीर हसन को टिकट दिया गया है। मुनाजीर हसन हाल ही में जनसुराज पार्टी से AIMIM में शामिल हुए थे और अब उन्हें पार्टी ने सीधे टिकट दे दिया है। इसके अलावा नवादा सीट से नसीमा खातून, मधुबनी सीट से मुहम्मद राशिद खलील अंसारी, और दरभंगा ग्रामीण से मुहम्मद जलाल को चुनावी मैदान में उतारा गया है।

अररिया सीट से मुहम्मद मंज़ूर आलम, बरारी सीट से मैतुर रहमान शेरशावादी, और कसवा सीट से शेहनवाज आलम को पार्टी ने प्रत्याशी घोषित किया है। AIMIM का कहना है कि यह सूची प्रदेशभर में पार्टी की मजबूत उपस्थिति को दिखाती है।
गौरतलब है कि AIMIM ने पहले राजद (RJD) से गठबंधन की कोशिश की थी, लेकिन बात नहीं बन पाई। अब पार्टी ने अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है। पिछले चुनाव में पार्टी को सीमांचल क्षेत्र में पांच सीटों पर जीत मिली थी, हालांकि बाद में चार विधायक RJD में शामिल हो गए थे। इस बार पार्टी का लक्ष्य है कि वह अपने दम पर मजबूत वापसी करे।
बिहार की सियासत में AIMIM की इस नई सूची से कई सीटों पर मुकाबला और भी दिलचस्प हो गया है। अब देखना होगा कि असदुद्दीन ओवैसी की यह रणनीति इस बार कितनी सफल होती है।






