Delhi High Court ने कार्यवाही पर लगाई रोक, FIR रद्द करने की मांग पर Police को नोटिस
नई दिल्ली, 23 मार्च 2026:
Delhi HC Rahul Gandhi Case में सोमवार को महत्वपूर्ण राहत देते हुए Delhi High Court ने UGC draft guidelines के खिलाफ हुए विरोध प्रदर्शन से जुड़े मामले में Congress नेता Rahul Gandhi और DMK के कई नेताओं के खिलाफ चल रही कार्यवाही पर अस्थायी रोक लगा दी है।
अदालत ने इस दौरान FIR को रद्द करने की मांग पर Delhi Police को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट के इस आदेश से इस मामले में शामिल नेताओं को फिलहाल बड़ी राहत मिली है और Delhi HC Rahul Gandhi Case ने नया कानूनी मोड़ ले लिया है।
UGC protest से जुड़ा है पूरा मामला
यह मामला February 2025 में Delhi के Jantar Mantar पर आयोजित एक विरोध प्रदर्शन से जुड़ा है, जो UGC draft guidelines के खिलाफ किया गया था। उस समय विभिन्न राजनीतिक दलों और नेताओं ने इन guidelines का विरोध करते हुए प्रदर्शन में भाग लिया था।
Delhi Police के अनुसार, यह प्रदर्शन बिना अनुमति के आयोजित किया गया था, जिसके चलते संबंधित नेताओं के खिलाफ FIR दर्ज की गई। यही FIR अब Delhi HC Rahul Gandhi Case का मुख्य आधार बनी हुई है।
किन नेताओं के खिलाफ दर्ज हुई FIR
इस मामले में Rahul Gandhi के अलावा कई प्रमुख नेताओं के नाम शामिल हैं, जिनमें KC Venugopal, Akhilesh Yadav, DMK की Kanimozhi, A Raja और CVMP Ezhilarasan शामिल हैं।
इन सभी नेताओं पर आरोप है कि वे उस विरोध प्रदर्शन का हिस्सा थे, जो कथित रूप से नियमों का उल्लंघन करते हुए आयोजित किया गया था।
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कोर्ट में क्या हुई सुनवाई
Delhi High Court ने सुनवाई के दौरान यह स्पष्ट किया कि मामले की अगली सुनवाई तक trial court में चल रही कार्यवाही पर रोक जारी रहेगी। अदालत ने यह भी कहा कि सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद ही आगे कोई अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
कोर्ट द्वारा FIR रद्द करने की मांग पर जारी नोटिस के बाद अब Delhi Police को अपना पक्ष रखना होगा, जिससे Delhi HC Rahul Gandhi Case में आगे की दिशा तय होगी।
याचिकाकर्ता की दलील
याचिकाकर्ता की ओर से अदालत में कहा गया कि विरोध प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण था और यह लोकतांत्रिक अधिकारों के तहत किया गया था।(source)
साथ ही यह भी दावा किया गया कि प्रदर्शन के लिए अनुमति लेने की प्रक्रिया अपनाई गई थी, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने अनुचित तरीके से FIR दर्ज कर ली।
Delhi Police का पक्ष
वहीं Delhi Police का कहना है कि प्रदर्शन के लिए आवश्यक अनुमति नहीं ली गई थी और इससे कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका थी।
Police के अनुसार, इसी आधार पर कार्रवाई करते हुए मामला दर्ज किया गया। अब अदालत के नोटिस के बाद Police को इस संबंध में विस्तृत जवाब दाखिल करना होगा।
राजनीतिक और कानूनी महत्व
Delhi HC Rahul Gandhi Case केवल एक कानूनी मामला नहीं है, बल्कि इसका राजनीतिक महत्व भी काफी बड़ा है।
विपक्षी दल इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक अधिकारों से जोड़कर देख रहे हैं, जबकि दूसरी ओर कानून-व्यवस्था बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया जा रहा है।
इस वजह से यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है।
आगे क्या होगा
फिलहाल Delhi HC Rahul Gandhi Case में सभी की नजर Delhi Police के जवाब और अदालत की अगली सुनवाई पर टिकी हुई है।
अदालत का अंतिम निर्णय यह तय करेगा कि FIR को रद्द किया जाएगा या मामले में आगे कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।
निष्कर्ष
Delhi HC Rahul Gandhi Case में Delhi High Court का यह फैसला संबंधित नेताओं के लिए बड़ी राहत लेकर आया है।
हालांकि, FIR रद्द करने पर अंतिम निर्णय अभी बाकी है। आने वाले समय में अदालत की अगली सुनवाई इस मामले की दिशा तय करेगी और यह स्पष्ट करेगी कि यह मामला समाप्त होगा या आगे बढ़ेगा।




